कक्षा 10 हिंदी · स्पर्श भाग 2 · लीलाधर मंडलोई · गद्य खंड

10. तताँरा-वामीरो कथा

अंदमान-निकोबार की लोककथा — सार, प्रश्न-उत्तर, आशय और विस्तृत भाषा अध्ययन. NCERT हिंदी स्पर्श (भाग 2).

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पाठ का परिचय : ‘तताँरा-वामीरो कथा’ लीलाधर मंडलोई द्वारा लिखी अंदमान-निकोबार की एक लोककथा है। इसमें पासा गाँव के युवक तताँरा और लपाती गाँव की युवती वामीरो के प्रेम और त्याग की कहानी है। उनके बलिदान से गाँव की एक पुरानी रूढ़ि टूट गई।

पाठ का सार

★कथा संक्षेप में

निकोबारियों का विश्वास है कि प्राचीन काल में लिटिल अंदमान और कार-निकोबार एक ही द्वीप थे। वहाँ तताँरा नाम का एक सुंदर, शक्तिशाली और परोपकारी युवक रहता था। वह कमर में सदा लकड़ी की एक तलवार बाँधे रहता था, जिसमें लोग दैवीय शक्ति मानते थे।

एक शाम समुद्र किनारे उसने वामीरो का मधुर गीत सुना। दोनों एक-दूसरे की ओर आकर्षित हो गए और रोज मिलने लगे। पर गाँव की रीति के अनुसार विवाह एक ही गाँव में हो सकता था। पासा गाँव के पशु-पर्व में वामीरो की माँ ने सबके सामने तताँरा का अपमान किया।

क्रोध में तताँरा ने अपनी तलवार धरती में घोंपकर खींच दी। धरती फट गई और द्वीप दो टुकड़ों में बँट गया। तताँरा समुद्र में समा गया और वामीरो भी उसके वियोग में खो गई। इसके बाद निकोबारी दूसरे गाँवों में भी विवाह करने लगे।

मौखिक — एक-दो पंक्तियों में उत्तर

1तताँरा-वामीरो कहाँ की कथा है?

यह अंदमान-निकोबार द्वीपसमूह की लोककथा है, जब लिटिल अंदमान और कार-निकोबार आपस में जुड़े हुए थे।

2वामीरो अपना गाना क्यों भूल गई?

वामीरो गीत गा रही थी, तभी समुद्र की एक ऊँची लहर ने उसे भिगो दिया। वह हड़बड़ाहट में गाना भूल गई।

3तताँरा ने वामीरो से क्या याचना की?

तताँरा ने वामीरो से गीत पूरा करने और अपना नाम बताने की याचना की। फिर उसने विनती की कि वह अगले दिन भी उसी जगह आए।

4तताँरा और वामीरो के गाँव की क्या रीति थी?

गाँव की रीति थी कि विवाह केवल अपने ही गाँव के युवक-युवती के बीच हो सकता है।

5क्रोध में तताँरा ने क्या किया?

क्रोध में तताँरा ने अपनी तलवार पूरी शक्ति से धरती में घोंप दी और उसे खींचता चला गया। इससे धरती फट गई और द्वीप दो भागों में बँट गया।

लिखित (क) — 25-30 शब्दों में उत्तर

1तताँरा की तलवार के बारे में लोगों का क्या मत था?

तलवार लकड़ी की थी, फिर भी लोगों का मानना था कि उसमें अद्भुत दैवीय शक्ति है। तताँरा उसे कभी अलग नहीं करता था और दूसरों के सामने उसका उपयोग भी नहीं करता था। उसके साहसिक कारनामों के कारण वह तलवार एक रहस्य बन गई थी।

2वामीरो ने तताँरा को बेरुखी से क्या जवाब दिया?

वामीरो ने कहा — पहले बताओ तुम कौन हो और मुझे इस तरह घूरने और ऐसा असंगत प्रश्न पूछने का क्या कारण है? मैं अपने गाँव के अलावा किसी और गाँव के युवक के प्रश्नों का उत्तर देने को बाध्य नहीं हूँ।

3तताँरा-वामीरो की त्यागमयी मृत्यु से निकोबार में क्या परिवर्तन आया?

उनकी मृत्यु के बाद निकोबारियों ने अपनी पुरानी रूढ़ि छोड़ दी। वे दूसरे गाँवों में भी आपसी वैवाहिक संबंध करने लगे।

4निकोबार के लोग तताँरा को क्यों पसंद करते थे?

तताँरा सुंदर, शक्तिशाली, नेक और मददगार युवक था। वह अपने गाँव के ही नहीं, पूरे द्वीप के लोगों की सेवा को अपना कर्तव्य समझता था। इसलिए निकोबार के लोग उसे बहुत पसंद करते थे।

लिखित (ख) — 50-60 शब्दों में उत्तर

1निकोबार द्वीपसमूह के विभक्त होने के बारे में निकोबारियों का क्या विश्वास है?

निकोबारियों का विश्वास है कि प्राचीन काल में लिटिल अंदमान और कार-निकोबार एक ही द्वीप थे। जब पशु-पर्व में तताँरा का अपमान हुआ, तो उसने क्रोध में अपनी दैवीय तलवार धरती में घोंपकर खींच दी। धरती में दरार पड़ गई और द्वीप दो भागों में बँट गया। आज दोनों द्वीप 96 कि.मी. दूर हैं।

2तताँरा खूब परिश्रम करने के बाद कहाँ गया? वहाँ के प्राकृतिक सौंदर्य का वर्णन अपने शब्दों में कीजिए।

दिनभर के परिश्रम के बाद तताँरा समुद्र किनारे टहलने गया। सूरज क्षितिज पर डूबने को था। समुद्र से ठंडी हवा आ रही थी। पक्षियों की चहचहाहट धीरे-धीरे कम हो रही थी। डूबते सूरज की रंग-बिरंगी किरणें समुद्र पर बिखर रही थीं। लहरों का संगीत वातावरण को और भी सुंदर बना रहा था।

3वामीरो से मिलने के बाद तताँरा के जीवन में क्या परिवर्तन आया?

वामीरो से मिलने के बाद तताँरा बेचैन रहने लगा। उसे हर पल वामीरो की याद आती। वह शाम की प्रतीक्षा में दिन बिताता और समय से पहले ही समुद्र किनारे पहुँचकर उसकी बाट जोहता। उसका शांत मन अब व्याकुल रहने लगा।

4प्राचीन काल में मनोरंजन और शक्ति-प्रदर्शन के लिए किस प्रकार के आयोजन किए जाते थे?

प्राचीन काल में पशु-पर्व जैसे उत्सव होते थे। इनमें हृष्ट-पुष्ट पशुओं का प्रदर्शन होता था और युवकों की पशुओं से शक्ति परीक्षा होती थी। साथ ही नाच-गाना और भोजन का आयोजन होता था। वर्ष में एक बार सभी गाँव के लोग मिलकर इसे मनाते थे।

5रूढ़ियाँ जब बंधन बन बोझ बनने लगें तब उनका टूट जाना ही अच्छा है। क्यों? स्पष्ट कीजिए।

समय के साथ समाज की परिस्थितियाँ बदलती हैं। जो रीति कभी उपयोगी थी, वह बाद में मनुष्य की खुशी और प्रगति में बाधा बन सकती है। ऐसी रूढ़ियाँ भेदभाव और दुख फैलाती हैं। तताँरा-वामीरो की कथा इसका उदाहरण है। इसलिए बोझ बनी रूढ़ियों का टूट जाना ही अच्छा है।

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लिखित (ग) — आशय स्पष्ट कीजिए

1‘जब कोई राह न सूझी तो क्रोध का शमन करने के लिए ...’

अपमान से तताँरा बहुत क्रोधित था, पर उसे समझ नहीं आ रहा था कि क्या करे। अपना क्रोध शांत करने के लिए उसने पूरी शक्ति से तलवार धरती में घोंप दी और उसे खींचने लगा।

2‘बस आस की एक किरण थी ...’

वामीरो के मन में तताँरा से मिलने की थोड़ी-सी आशा बची थी। पर यह आशा डूबते सूरज की किरणों की तरह कभी भी खत्म हो सकती थी।

भाषा अध्ययन

1वाक्य का प्रकार
वाक्यप्रकार
(क) निकोबारी उसे बेहद प्रेम करते थे।विधानवाचक
(ख) तुमने एकाएक इतना मधुर गाना अधूरा क्यों छोड़ दिया?प्रश्नवाचक
(ग) वामीरो की माँ क्रोध में उफन उठी।विधानवाचक
(घ) क्या तुम्हें गाँव का नियम नहीं मालूम?प्रश्नवाचक (निषेधात्मक भाव सहित)
(ङ) वाह! कितना सुंदर नाम है।विस्मयादिबोधक
(च) मैं तुम्हारा रास्ता छोड़ दूँगा।विधानवाचक
2मुहावरों का वाक्यों में प्रयोग
मुहावरावाक्य
सुध-बुध खोनामधुर संगीत सुनकर श्रोता सुध-बुध खो बैठे।
बाट जोहनामाँ शाम को बेटे के घर लौटने की बाट जोहती रही।
खुशी का ठिकाना न रहनापरीक्षा में प्रथम आने पर सीमा की खुशी का ठिकाना न रहा।
आग बबूला होनाझूठ पकड़े जाने पर पिताजी आग बबूला हो गए।
आवाज़ उठानाहमें अन्याय के विरुद्ध आवाज़ उठानी चाहिए।
3मूल शब्द और प्रत्यय
शब्दमूल शब्दप्रत्यय
चर्चितचर्चाइत
साहसिकसाहसइक
छटपटाहटछटपटाआहट
शब्दहीनशब्दहीन
4उचित उपसर्ग लगाकर शब्द
शब्दउपसर्ग लगाकर बने शब्द
आकर्षकअन् + आकर्षक = अनाकर्षक
ज्ञातअ + ज्ञात = अज्ञात; वि + ज्ञात = विज्ञात
कोमलअति + कोमल = अतिकोमल; सु + कोमल = सुकोमल
होशबे + होश = बेहोश; मद + होश = मदहोश
घटनादुर् + घटना = दुर्घटना
5निर्देशानुसार वाक्य परिवर्तन
  1. मिश्र : जीवन में यह पहली बार है कि मैं इस तरह विचलित हुआ हूँ।
  2. संयुक्त : वह तेज़ कदमों से चली और तताँरा के सामने आकर ठिठक गई।
  3. सरल : वामीरो कुछ सचेत होकर घर की तरफ़ दौड़ी।
  4. संयुक्त : उसने तताँरा को देखा और वह फूटकर रोने लगी।
  5. मिश्र : रीति के अनुसार यह आवश्यक था कि दोनों एक ही गाँव के हों।

प्रश्न 6 : ‘और’ शब्द के विभिन्न प्रयोग (पदों को जोड़ना, ‘अन्य’, ‘क्रमशः’, उपवाक्यों को जोड़ना, ‘अधिकता’, ‘निकटता’) पाठ्यपुस्तक के उदाहरणों से ध्यानपूर्वक समझें।

7विलोम शब्द

भय — निर्भयमधुर — कटुसभ्य — असभ्यमूक — वाचालतरल — ठोसउपस्थिति — अनुपस्थितिसुखद — दुखद

8दो-दो पर्यायवाची शब्द
शब्दपर्यायवाची
समुद्रसागर, जलधि
आँखनेत्र, नयन
दिनदिवस, वासर
अँधेराअंधकार, तम
मुक्तस्वतंत्र, आज़ाद
9शब्दों का वाक्यों में प्रयोग
शब्दवाक्य
किंकर्तव्यविमूढ़अचानक आई बाढ़ देखकर गाँववाले किंकर्तव्यविमूढ़ हो गए।
विह्वलबेटे को वर्षों बाद देखकर माँ विह्वल हो उठी।
भयाकुलभूकंप के झटकों से लोग भयाकुल हो गए।
याचकराजा ने द्वार पर आए याचक को खाली हाथ नहीं लौटाया।
आकंठवह मित्रता के प्रेम में आकंठ डूबा था।
10‘किसी तरह आँचरहित एक ठंडा और ऊबाऊ दिन गुज़रने लगा’ — दिन के लिए प्रयुक्त विशेषण

प्रयुक्त विशेषण : आँचरहितठंडाऊबाऊ

दिन के लिए अन्य विशेषण : सुहावनाव्यस्तउमस भरा

11‘देखना’ और ‘बोलना’ क्रिया के विभिन्न प्रयोग
शब्द-प्रयोगवाक्य
निहारनामाँ सोते हुए बच्चे को प्यार से निहार रही थी।
ताकनाबिल्ली दूध के कटोरे को ताक रही थी।
घूरनाशिक्षक ने शरारती बच्चे को घूरकर देखा।
निर्निमेष ताकनावह समुद्र की लहरों को निर्निमेष ताकता रहा।
नज़र पड़नाबाजार में अचानक मेरी नज़र पुराने मित्र पर पड़ी।
आँखें केंद्रित करनाअर्जुन ने चिड़िया की आँख पर अपनी आँखें केंद्रित कीं।
कहना / बतानाउसने मुझे सारी बात बताई।
पुकारना / चिल्लानाडूबते व्यक्ति ने मदद के लिए पुकारा।
फुसफुसानादोनों दोस्त कक्षा में फुसफुसा रहे थे।
बड़बड़ानानींद में वह कुछ बड़बड़ा रहा था।
12रेखांकित पदबंधों का प्रकार
वाक्य (रेखांकित पदबंध)प्रकार
(क) उसकी कल्पना में वह एक अद्भुत साहसी युवक था।संज्ञा पदबंध
(ख) तताँरा को मानो कुछ होश आया।क्रिया पदबंध
(ग) वह भागा-भागा वहाँ पहुँच जाता।क्रियाविशेषण पदबंध
(घ) तताँरा की तलवार एक विलक्षण रहस्य थी।संज्ञा पदबंध
(ङ) उसकी व्याकुल आँखें वामीरो को ढूँढ़ने में व्यस्त थीं।संज्ञा पदबंध

योग्यता विस्तार और परियोजना कार्य

शब्दार्थ

शब्दअर्थ
शृंखलाक्रम, कड़ी
आदिमप्रारंभिक
विभक्तबँटा हुआ
लोककथाजन-समाज में प्रचलित कथा
आत्मीयअपना
तंद्रानींद जैसी अवस्था
विकलबेचैन
असंगतअनुचित
सम्मोहितमुग्ध
निर्निमेषबिना पलक झपकाए
अन्यमनस्कताजिसका मन कहीं और हो
बाट जोहनाप्रतीक्षा करना
रोमांचितपुलकित
किंकर्तव्यविमूढ़क्या करे, यह समझ न पाने की अवस्था
शमनशांत करना